Wednesday, January 6, 2010

पत्रकारिता का पेशा हुआ जोखिम भरा, 2009 में 121 पत्रकारों की हत्या

पत्रकारिता जोखिम भरा काम बनता जा रहा है। ताजा रिपोर्ट के अनुसार 2009 में दुनिया में 121 पत्रकार मारे गये। सबसे ज्यादा पत्रकार युद्ध और चुनाव के दौरान मारे जाते हैं। पत्रकारों पर हमले के मामले निरंतर बढ़ते जा रहे हैं। 2008 में 91 पत्रकार मारे गये थे। इस बार सबसे ज्यादा पत्रकार फीलिपींस में (38) मार गये हैं। यह आंकडे़ प्रेस एम्बलेम कम्पेन द्वारा जारी रिपोर्ट के मुताबिक हैं।

एक अन्य रिपोर्ट के मुताबिक पत्रकारों के अपहरण और शारीरिक हमले के मामले भी बड़ रहे हैं। 2008 में 29 पत्रकारों का अपहरण किया गया था जबकि 2009 में इनकी संख्या बढ़कर 33 हो गई है। गत वर्ष पत्रकारों पर हमले की 929 वारदातें सामने आईं थी जबकि 2009 में इनकी संख्या बढ़कर 1456 हो गई।

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